मुख्यमंत्री ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में किया ध्वजारोहण
सरस्वती विद्या निकेतनों में IIT-JEE, NEET की प्रवेश परीक्षाओं हेतु मुफ्त कोचिंग की व्यवस्था की जा रही
राज्य सरकार ने वर्ष 2030 तक 1 करोड़ युवाओं को सरकारी नौकरी व रोजगार देने का लक्ष्य तय किया
पटना : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में परेड की सलामी लेने के पश्चात् 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शनिवार को ध्वजारोहण किया। सीएम के रूप में उनका यह पहला संबोधन था। प्रदेशवासियों से मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पावन अवसर पर सभी स्वतंत्रता सेनानियों को नमन करता हूँ। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता केवल हमारा अधिकार नहीं है, बल्कि जिम्मेदारी भी है। कहा कि हमारी सरकार शिकायत निवारण को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। इस दिशा में विद्यार्थियों की शिकायतों के त्वरित निवारण हेतु 17 अगस्त से विद्यार्थी सहयोग पोर्टल का शुभारंभ कर आवेदन लिए जायेंगे, जो हमारे सहयोग पोर्टल की सफल व्यवस्था को छात्रों तक विस्तारित करेगा और बच्चों से जुड़ी शिकायतों का निवारण 30 दिनों के भीतर सुनिश्चित करेगा। कहलगांव में विक्रमशिला केंद्रीय विश्वविद्यालय के पुनरुद्धार के लिए 220 एकड़ भूमि मुहैया कराई गई है। इसके अलावा राज्य में विशिष्ट विषयों की पढ़ाई के लिए भी अलग से विश्वविद्यालय खोले जाने का प्रस्ताव है। परीक्षाओं में विद्यार्थियों का विश्वास सर्वोपरि है। राज्य में स्थापित 551 सरस्वती विद्या निकेतनों में IIT-JEE, NEET सहित विभिन्न उच्च शिक्षण संस्थानों की प्रवेश परीक्षाओं हेतु निःशुल्क कोचिंग की व्यवस्था की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 14 करोड़ बिहारवासियों की ऊर्जा, किसानों एवं उद्यमियों की मेहनत, माताओं-बहनों के संकल्प से भारत भी विकसित देश होगा और बिहार भी समृद्ध प्रदेश बनेगा। सुरक्षित, शांतिपूर्ण और भयमुक्त समाज किसी भी विकसित राज्य की सबसे बड़ी पहचान होती है। बिहार में भी हमलोगों ने विकास की गति को निरंतरता प्रदान करने के लिए अपराध के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। पुलिस के आधुनिकीकरण की दिशा में अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। आज राज्य में इमर्जेंसी रिस्पॉन्स सपोर्ट सिस्टम (ERSS) परियोजना के तहत 1,833 आपातकालीन वाहनों के माध्यम से औसतन 10 मिनट के भीतर एम्बुलेंस, पुलिस, अग्निशमन, हाईवे पेट्रोलिंग, डिजास्टर रिस्पॉन्स तथा महिला एवं बाल हेल्पलाइन जैसी सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने 2026-27 के लिए 3 लाख 47 हजार 590 करोड़ रुपये का ऐतिहासिक बजट पेश किया है। यह बजट राज्य के विकास का रोड मैप बताता है। इस बजट में आधारभूत संरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, रोजगार, तकनीक और सामाजिक सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में आज 05 एक्सप्रेस-वे और 06 हाई-स्पीड कॉरिडोर पर तेजी से कार्य चल रहा है। इसमें लगभग 589 किलोमीटर लंबे ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे और हाई-स्पीड कॉरिडोर शामिल हैं। इसी प्रकार से हवाई संपर्क के क्षेत्र में बिहार एक नए दौर में प्रवेश कर रहा है। आज राज्य में 04 हवाई अड्डे संचालित हैं, जबकि 06 से अधिक हवाई अड्डों के निर्माण का कार्य तेजी से चल रहा है। राज्य के सभी जिलों में एयरस्ट्रिप विकसित करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है तथा सोनपुर और अजगैबीनाथ धाम में ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की योजना पर भी काम चल रहा है।
सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में कुल बजट में से 66 हजार 676 करोड़ रुपये से ज्यादा शिक्षा पर व्यय किया जा रहा है, जो कुल बजट का लगभग 20 प्रतिशत है। राज्य सरकार द्वारा कक्षा 9वीं से 12वीं में अध्ययनरत विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं समग्र शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 551 सरस्वती विद्या निकेतन (आदर्श विद्यालय) की स्थापना की गई है। राज्य में शिक्षा विभाग एवं बीएसईबी द्वारा बिहार स्कूल लाइव क्लासेज और ऑनलाइन कोचिंग की शुरुआत की गई है, जिससे लाखों छात्र-छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में मदद मिल रही है। राज्य में उच्च शिक्षा सुदूर गांव तक पहुंचाने के संकल्प के साथ हमलोगों ने राज्य के सभी प्रखंडों में डिग्री स्तर तक की पढ़ाई की शुरुआत की है। 15 जुलाई से राज्य के बचे हुए 211 प्रखंडों में एक साथ डिग्री कॉलेज का शुभारंभ किया गया। इससे ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र-छात्राएं खासकर हमारी बेटियां अब अपने घर के पास ही उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही हैं। इन 211 डिग्री कॉलेजों में पठन-पाठन को सुचारू बनाने के लिए 2 हजार 451 शिक्षकों की नियुक्ति एवं पदस्थापन किया गया है। साथ ही सरकार राज्य के अन्य महाविद्यालयों में भी रिक्त शिक्षक पदों को भरने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई कर रही है।